घर में सुख-समृद्धि और सकारात्मक ऊर्जा बनाए रखने के लिए वास्तु शास्त्र में एंट्री पॉइंट्स को बेहद अहम माना गया है। सिर्फ साफ-सफाई ही नहीं, बल्कि घर के दरवाजे और खिड़कियों की दिशा व रंगों का सही संतुलन भी लक्ष्मी जी के आगमन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। छोटे-छोटे वास्तु उपाय अपनाकर घर की नकारात्मक ऊर्जा को दूर किया जा सकता है।
🚪 एंट्री पॉइंट्स क्यों होते हैं इतने महत्वपूर्ण?
वास्तु शास्त्र के अनुसार घर में हवा, रोशनी और ऊर्जा जहां से प्रवेश करती है, वही एंट्री पॉइंट कहलाते हैं। इसमें मुख्य दरवाजे के साथ-साथ खिड़कियां भी शामिल होती हैं। विशेष रूप से दिवाली जैसे शुभ अवसरों पर जब खिड़कियां खुली रखी जाती हैं, तो लक्ष्मी जी का प्रवेश इन्हीं रास्तों से संभव माना जाता है। इसलिए हर एंट्री पॉइंट का साफ, व्यवस्थित और सकारात्मक होना जरूरी है।
🎨 दिशा के अनुसार रंगों का सही प्रयोग
भोपाल निवासी ज्योतिषी एवं वास्तु सलाहकार पंडित हितेंद्र कुमार शर्मा के अनुसार, घर की दिशा के हिसाब से रंगों का सही उपयोग करने से सकारात्मक ऊर्जा का प्रवाह बढ़ता है—
- उत्तर और पूर्व दिशा में एंट्री होने पर दहलीज पर लगभग दो इंच चौड़ी हरी टेप लगाना शुभ माना जाता है।
- दक्षिण और दक्षिण-पूर्व दिशा में एंट्री के लिए लाल रंग की टेप सकारात्मक प्रभाव देती है।
- दक्षिण-पश्चिम दिशा में पीली टेप लगाने से स्थिरता और समृद्धि आती है।
- पश्चिम दिशा में एंट्री पॉइंट पर सफेद या नीले रंग का प्रयोग लाभकारी होता है।
इन रंगों का प्रयोग ऊर्जा संतुलन बनाए रखने में मदद करता है।
🧹 साफ-सफाई और रखरखाव भी है जरूरी
वास्तु के अनुसार, दरवाजे और खिड़कियों पर धूल, जंग या टूट-फूट नकारात्मक ऊर्जा को आकर्षित करती है। ऐसे में लक्ष्मी जी का प्रवेश बाधित हो सकता है। नियमित सफाई, मरम्मत और सही दिशा में सजावट से घर में सकारात्मक माहौल बना रहता है।
✨ छोटे उपाय, बड़ा असर
वास्तु के ये छोटे-छोटे उपाय अपनाकर घर में सुख, शांति और समृद्धि लाई जा सकती है। सही दिशा, सही रंग और साफ-सुथरे एंट्री पॉइंट्स लक्ष्मी जी के आगमन को आसान बनाते हैं और पूरे परिवार के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाते हैं।
