रायपुर।
छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में आयोजित GATE परीक्षा के दौरान हाईटेक नकल का बड़ा मामला सामने आया है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए छह लोगों को हिरासत में लिया है, जिनमें परीक्षा दे रहे अभ्यर्थी और बाहर से उन्हें उत्तर उपलब्ध कराने वाले सहयोगी शामिल हैं।
ब्लूटूथ और इयरपीस से चल रहा था नकल का खेल
पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि परीक्षा कक्ष के भीतर बैठे अभ्यर्थी प्रश्नों को धीरे-धीरे पढ़कर सुनाते थे, जबकि बाहर मौजूद उनके साथी इंटरनेट और अन्य डिजिटल माध्यमों से उत्तर खोजते थे। इसके बाद ब्लूटूथ डिवाइस और माइक्रो इयरपीस के जरिए जवाब वापस अभ्यर्थियों तक पहुंचाए जाते थे।
छापेमारी के दौरान पुलिस ने आठ मोबाइल फोन, चार ब्लूटूथ डिवाइस, तीन ब्लूटूथ इयरपीस और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किए हैं। कई डिवाइस कपड़ों और शरीर पर इस तरह छिपाकर लगाए गए थे कि सामान्य जांच में पकड़ में न आएं।
हरियाणा से जुड़े आरोपी, संगठित नेटवर्क की आशंका
पकड़े गए आरोपियों की पहचान दर्शन सहवाग, सुमित सहवाग, लक्ष्मी नारायण उर्फ लकी, अमर, नरेंद्र कुमार और बंटी कुमार के रूप में हुई है। सभी आरोपी हरियाणा के निवासी बताए जा रहे हैं। प्रारंभिक जांच में यह मामला संगठित गिरोह से जुड़ा प्रतीत हो रहा है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि क्या यह नेटवर्क अन्य शहरों या राष्ट्रीय स्तर की परीक्षाओं में भी सक्रिय रहा है।
प्रतिष्ठित परीक्षा की सुरक्षा पर सवाल
GATE जैसी राष्ट्रीय स्तर की प्रतिष्ठित परीक्षा में इस तरह की सेंधमारी ने परीक्षा प्रणाली की सुरक्षा और निष्पक्षता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि पुलिस का कहना है कि समय रहते मिली सूचना के आधार पर कार्रवाई कर नकल के बड़े प्रयास को विफल कर दिया गया।
कानूनी कार्रवाई
सभी छह आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता और सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण कर पूरे नेटवर्क की परतें खोलने में जुटी है। अधिकारियों ने साफ किया है कि परीक्षा की पवित्रता से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे।
