रायपुर। महापुरुषों के प्रति कथित अपमानजनक टिप्पणी मामले में छत्तीसगढ़ क्रांति सेना और जोहार पार्टी के अध्यक्ष अमित बघेल की गिरफ्तारी को लेकर पुलिस का शिकंजा कसता जा रहा है। रायपुर और दुर्ग में पुलिस टीमों ने रविवार को उनके संभावित ठिकानों पर दबिश दी। बताया जा रहा है कि पुलिस के पहुंचने से पहले ही बघेल घर के पीछे के रास्ते से निकल गए। फिलहाल उनका मोबाइल फोन भी बंद बताया जा रहा है।
एसएसपी डॉ. लाल उमेंद सिंह ने बताया कि बघेल के खिलाफ देवेंद्र नगर और कोतवाली थाने में एफआईआर दर्ज है। इसी संबंध में उनकी गिरफ्तारी की कार्रवाई की जा रही है। बीती रात पुलिस ने उनके करीबी सहयोगियों और रिश्तेदारों के घरों पर भी छापेमारी की। अधिकारियों के मुताबिक, राज्य से बाहर भी टीमें रवाना की गई हैं।
🔹 क्या है पूरा मामला?
26 अक्टूबर को रायपुर में उस समय तनाव की स्थिति बन गई जब तेलीबांधा थाना क्षेत्र के वीआईपी चौक के पास स्थित छत्तीसगढ़ महतारी की मूर्ति टूटी हुई पाई गई। घटना के बाद छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना और जोहार पार्टी के कार्यकर्ता मौके पर एकत्र होकर विरोध प्रदर्शन करने लगे।
इसी दौरान अमित बघेल का एक विवादित बयान सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, जिसमें उन्होंने महाराजा अग्रसेन, भगवान झूलेलाल, डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी और पंडित दीनदयाल उपाध्याय को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी। इसके बाद विभिन्न समाजिक संगठनों ने उनकी गिरफ्तारी की मांग शुरू कर दी।
पुलिस ने मूर्ति तोड़ने वाले आरोपी मनोज कुर्रे को 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया। बताया गया कि आरोपी मानसिक रूप से अस्वस्थ है। वहीं बघेल के खिलाफ महापुरुषों के अपमान और धार्मिक भावनाएं भड़काने के आरोप में अलग-अलग धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है।
🔹 चार राज्यों में दर्ज हैं केस
अमित बघेल के विवादित बयानों को लेकर मामला अब राज्य की सीमाओं से आगे पहुंच गया है। छत्तीसगढ़ के अलावा मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश और दिल्ली में भी उनके खिलाफ शिकायतें दर्ज की गई हैं।
सोशल मीडिया पर उनके बयानों की व्यापक निंदा हो रही है, जबकि समाज के विभिन्न वर्गों ने रासुका के तहत कार्रवाई और तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है।
🔹 प्रशासन की अपील
पुलिस ने लोगों से शांति और सामाजिक सौहार्द बनाए रखने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि “कानून अपना काम करेगा, किसी को भी कानून हाथ में लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी।”
वहीं सूत्रों के मुताबिक, अमित बघेल की गिरफ्तारी कभी भी संभव है, क्योंकि पुलिस ने उनकी लोकेशन ट्रैकिंग के लिए विशेष टीम गठित की है।
